बलिया में 1015 गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी, एजेंसी मैनेजर पर ईसी एक्ट का मुकदमा दर्ज
बलिया में 1015 गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी, एजेंसी मैनेजर पर ईसी एक्ट का मुकदमा दर्ज
बलिया। जिला प्रशासन ने बांसडीह स्थित एक गैस एजेंसी से सिलेंडरों की कालाबाजारी रैकेट का पर्दाफाश किया है। डीएम के निर्देश पर हुई छापेमारी में एजेंसी के गोदाम से 1015 भरे हुए घरेलू सिलेंडर गायब मिले जबकि इन्हें स्टॉक में मौजूद दिखाया गया था। इसकी पुष्टि होने के बाद डीएम ने एजेंसी मैनेजर राजीव कुमार पाण्डेय के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम की धारा 3/7 के तहत प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया।
बताया जाता है कि बीते 23 जनवरी को आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में इसका खुलासा हुआ। अमित सिंह, दिग्विजय सिंह समेत दर्जनों ग्रामीणों ने शिकायत किया कि उन्हें मोबाइल पर सिलेंडर डिलीवरी के मैसेज तो मिल रहे हैं, लेकिन हकीकत में उन्हें गैस की आपूर्ति नहीं की जा रही। उपभोक्ताओं का आरोप था कि एजेंसी डिजिटल रिकार्ड में हेरफेर कर उनके हक का सिलेंडर खुले बाजार में बेच रही है। शिकायत की गंभीरता को देखते हुए जिला विकास अधिकारी , क्षेत्राधिकारी , और जिला पूर्ति अधिकारी की संयुक्त टीम ने सोमवार को कार्यालय व एजेंसी के गोदाम पर जांच किया था। जांच के दौरान चौंकाने वाले आंकड़े सामने जिसमें ऑनलाइन स्टाक में 1015 भरे हुए और 55 खाली सिलेंडर होना चाहिए। वहीं मौके पर एक भी भरा हुआ सिलेंडर नहीं मिला, जबकि खाली सिलेंडरों की संख्या बढ़कर 635 पाई गई। जांच टीम के सामने मैनेजर न तो सेल रजिस्टर पेश कर सके और न ही स्टाक में आए इस भारी अंतर का कोई संतोषजनक स्पष्टीकरण दे पाए। जांच टीम ने माना कि आर्थिक लाभ के लिए की गई कालाबाजारी का मामला है। 1015 भरे हुए सिलेंडरों को सामान्य उपभोक्ताओं को देने के बजाय ऊंचे दामों पर व्यावसायिक उपयोग या खुले बाजार में खपा दिया गया। टीम ने मौके पर 27 पीड़ित उपभोक्ताओं के बयान दर्ज किए हैं, जो पुलिस कार्रवाई के लिए मुख्य आधार होंगे। जिला पूर्ति अधिकारी देवमणि मिश्रा ने बताया कि डीएम के निर्देश पर जांच रिपोर्ट के आधार पर एजेंसी के मैनेजर राजीव पाण्डेय के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। कोतवाल प्रवीण सिंह ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
