बलिया में वरासत में लापरवाही पर लेखपाल निलंबित, कानूनगो को प्रतिकूल प्रविष्टि का निर्देश

बलिया में वरासत में लापरवाही पर लेखपाल निलंबित, कानूनगो को प्रतिकूल प्रविष्टि का निर्देश
अनुसूचित जाति की भूमि का बिना अनुमति बैनामा की जांच का आदेश
बोले डीएम: जनता की समस्याओं में लापरवाही बर्दाश्त नहीं
बलिया। तहसील सिकंदरपुर में शनिवार को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह एवं पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह की अध्यक्षता में फरियादियों की समस्याएं सुनी गईं। दूर-दराज़ से आए नागरिकों ने अपनी-अपनी शिकायतें अधिकारियों के समक्ष रखीं। संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान कुल 95 आवेदन पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 5 मामलों का मौके पर ही निस्तारण किया गया। इस दौरान लम्बे समय से लंबित वरासत के मामले में डीएम ने लेखपाल को निलंबित कर दिया और कानूनगो को प्रतिकूल प्रविष्टि देने का निर्देश दिया। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी शिकायतों का निस्तारण गुणवत्ता पूर्वक एवं समयबद्ध ढंग से किया जाए। सम्पूर्ण समाधान दिवस में भूमि से संबंधित मामलों की संख्या अधिक रही। इस पर डीएम ने संबंधित विभागों को समय रहते मामलों के निस्तारण के निर्देश दिए। इस दौरान एक शिकायत में अनुसूचित जाति/जनजाति वर्ग के लोगों की भूमि का बिना अनुमति अन्य जाति के नाम बैनामा करने की बात सामने आई। जिलाधिकारी ने ऐसे सभी प्रकरणों की जांच कराने के निर्देश देते हुए स्पष्ट किया कि बिना परीक्षण के किसी भी बैनामे की अनुमति न दी जाए। शिकायतकर्ता पंकज कुमार, ग्राम चेतन किशोर तहसील सिकंदरपुर निवासी ने अवगत कराया कि मेरे पिता शिवानंद राजभर के निधन के बाद वरासत प्रक्रिया पिछले 12 वर्षों से लंबित है। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को एक घंटे के भीतर वरासत दर्ज करने के निर्देश दिए। मामले में लापरवाही बरतने पर जिलाधिकारी ने लेखपाल सुनील कुमार को निलंबित तथा कानूनगो संजय कुमार सिंह को प्रतिकूल प्रविष्टि देने के आदेश जारी किए। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि जनता की समस्याओं के समाधान में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और शिकायतों का निस्तारण पूर्ण पारदर्शिता के साथ किया जाए। इस अवसर पर एसडीएम सिकंदरपुर, तहसीलदार, सीएमओ एवं अन्य अधिकारी रहे।
