बलिया में मांगों को लेकर आंगनबाड़ी व आशा कर्मचारियों का कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन

बलिया में मांगों को लेकर आंगनबाड़ी व आशा कर्मचारियों का कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन
बलिया। कलेक्ट्रेट में बुधवार को महिला आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ और आशा कर्मचारी यूनियन के सदस्यों ने मांगों को लेकर प्रदर्शन किया।
महिला आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ की जिलाध्यक्ष श्वेता मिश्रा ने कई मांगें बताईं। उन्होंने संविदा कर्मचारियों को मुख्य धारा में लाने और आउटसोर्सिंग बंद करने की मांग की। अल्प मानदेय वाले कर्मचारियों के लिए 24 हजार रुपए न्यूनतम मानदेय की मांग भी की। उन्होंने कहा कि कार्यकत्री और सहायिका के खाते में प्रोत्साहन राशि हर महीने भेजी जाए। बताया कि कार्यकर्ताओं से पोषण ट्रैकर और फेस रिकग्निशन का काम लिया जाता है लेकिन विभाग मोबाइल रिचार्ज के लिए कोई भुगतान नहीं करता। कर्मचारियों को अपने मानदेय से ही रिचार्ज करना पड़ता है।
आशा कर्मचारी यूनियन की जिलाध्यक्ष शशि सिंह ने कहा कि आशा कर्मियों की नियुक्ति 8 कार्यों के लिए हुई थी। लेकिन अब उनसे 48 काम कराए जा रहे हैं। कई काम बिना भुगतान के कराए जाते हैं। उन्होंने कहा कि कमीशन की जगह नियमित मानदेय मिलना चाहिए। साथ ही आशा कर्मियों को राज्य कर्मचारी का दर्जा दिया जाना चाहिए।
