बलिया में ग्रामीणों का टूटा धैर्य, विद्युत उपकेंद्र पर धरना, आश्वासन पर समाप्त

बलिया में ग्रामीणों का टूटा धैर्य, विद्युत उपकेंद्र पर धरना, आश्वासन के बाद समाप्त
बसंतपुर उपकेंद्र से जुड़े 40 गांवों की डेढ़ लाख की आबादी महीनों से जूझ रही बिजली संकट से
बलिया। सोहांव ब्लॉक के 75 से अधिक राजस्व गांवों की डेढ़ लाख की आबादी पिछले तीन माह से बिजली संकट से जूझ रही है। इलाके का सबसे बड़ा बाजार कोटवा नारायणपुर में एक सप्ताह से बिजली नहीं मिलने से लोग परेशान हैं। वहीं, बसंतपुर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े तीस गांवों के उपभोक्ता बिजली कटौती से परेशान हैं। शनिवार को ग्रामीणों का धैर्य जवाब दे गया और बसंतपुर उपकेंद्र के गेट के सामने धरने पर बैठ गए। अधिशासी अभियंता के आश्वासन पर धरना समाप्त हुआ।
बताया जाता है कि कोटवा नारायणपुर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े कोटवा बाजार के सैकड़ों दुकानदारों सहित हजारों उपभोक्ता पिछले एक सप्ताह से जर्जर तारों का दंश झेल रहे हैं। बाजार निवासी गोविन्द गुप्ता रिंकू राय, गोपाल चौरसिया, दीनानाथ रस्तोगी, रूस्तम अंसारी ओमप्रकाश सेठ ने बताया कि 400 केवीए के ट्रांसफार्मर से बाजार में जाने वाले तार जर्जर हो गये हैं जैसे ही बिजली आपूर्ति चालू होती है तार जल कर गिरने लगते हैं। इस भीषण गर्मी में एक सप्ताह से बिजली आपूर्ति ठप है उच्चाधिकारियों को भी अवगत कराया गया है लेकिन समस्या का सामाधान नहीं किया जा सका। कोटवा नारायणपुर पावर हाउस के जेई जयद्रथ ने बताया कि लाइनमैन नागेन्द्र को तार दिया गया था बदलने के लिए। दूसरी तरफ बसंतपुर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े 30 गांवों के उपभोक्ता एवं किसान बिजली कटौती से आजिज हैं। करीब डेढ़ माह तक विभाग के अफसर ओवरलोड की बात कहते रहे। कुछ दिनों पहले उपकेंद्र पर 10 एमवीए का ट्रांसफार्मर भी लगा लेकिन स्थिति में कोई सुधार महीने हुआ। परेशान ग्रामीण शनिवार को पावर हाउस के गेट पर धरने पर बैठ गए। बताया कि 24 घंटे में चार घंटे भी सुचारू रूप से बिजली नहीं मिल रही है। जिसके कारण हजारों एकड़ धान की खेती प्रभावित हो रही है वहीं कुटीर उद्योग धंधे ठप हो गये हैं। लोगों ने कहा कि अगर हम लोगों की मांग पूरी नहीं होती है और बिजली कटौती पर रोक नहीं लगती है तो 20 तारीख को वृहद रूप से धरना प्रदर्शन बसंतपुर पावर सब स्टेशन पर किया जाएगा।लोगों ने अधिशासी अभियंता को ज्ञापन देकर तीन सूत्रीय मांगों को रखा जिसमें पहली मांग थी कि चितबड़ागांव से बसंतपुर पावर सब स्टेशन को जोड़ा जाए, दूसरी मांग लक्ष्मणपुर फीडर की क्षमता वृद्धि कर 10 MVA का ट्रांसफार्मर लगाया जाए, तीसरी मांग 33000 वोल्टेज को लगातार मेंटेन रखा जाए। दोपहर में मौके पर पहुंचे एक्सईएन नरेंद्र प्रकाश ने आश्वासन दिया कि जल्द ही बिजली व्यवस्था ठीक कर दी जाएगी। इसके बाद धरना समाप्त हुआ। धरने में शंकर सिंह, अरविंद सिंह, कंचन राय, केडी सिंह,अमरनाथ सिंह, अखिलेश राय,पमपम राय,गिरीजेश राय, संजीत सिंह, सुधीर तिवारी, दुर्गेश राय, मनोहर सिंह, मंटू बिन्द, अंकित यादव, आनंद राय, प्रवीण सिंह, मिथिलेश सिंह, अंशुमन राय, मुन जी कश्यप, प्रदीप जी कश्यप, दीपक कुमार सिंह,भूषण सिंह, दिग्विजय राय एडवोकेट, सुरेश राय, राज चौबे, हीरालाल कश्यप,विजय कश्यप, रविंद्र कुमार, ईश्वर कश्यप, बृज किशोर पटेल, तेजू सिंह, शिवाजी, गजेंद्र नाथ ओझा आदि रहे।
