बलिया में ‘हम नहीं वो बनाए’ करते करते बीता दिया सड़क अनुरक्षण का समय


बलिया में ‘हम नहीं वो बनाए’ करते करते बीता दिया सड़क अनुरक्षण का समय
एक वर्ष से कबाड़ बना है भरौली टुटुवारी मार्ग, चलना भी दुश्वार
शिकायतें अफसरों के ठंडे बस्ते में
बलिया। जिले में बन रहे ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे की कार्यदाइ संस्था ने आसपास की 50 से अधिक ग्रामीण सडकों को कबाड़ बना दिया है। सोहांव ब्लॉक में ही एनएच से लेकर कई सडकों को ध्वस्त कर दिया है जो चलने लायक नहीं है। शिकायत के बावजूद अधिकारी चुप्पी साधे रहे। पीएमजीएसवाई की एक सड़क को लेकर तो महीनों तक ‘हम नहीं वो बनाए’ करते करते अनुरक्षण की समय सीमा ही बीता दिया।
बता दें कि एनएच 31 से टुटुवारी तक 6.55 किमी सड़क पीएमजीएसवाई योजना के तहत जिले के ही अराधना इंटरप्राइजेज ने 11 अगस्त 2020 को बनवा कर पर किया था। यह सड़क पांच वर्षीय अनुरक्षण के तहत थी। इसी बीच एक वर्ष पहले ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का निर्माण शुरू हुआ तो कार्यदाई संस्था ने एनएच 31 के साथ ही भरौली टुटुवारी मार्ग पर धड़ल्ले से ओवरलोड डम्परों को दौड़ाना शुरू कर दिया। आलम यह रहा कि आसपास की सभी सड़के जब क्षतिग्रस्त होने लगी तो जगह जगह ग्रामीणों ने विरोध किया। इसके बाद एनएचएआई ने ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के कार्यदाई संस्था से समझौता किया। कार्यदाई संस्था ने लिखित दिया कि कार्य की समाप्ति के बाद सड़क का निर्माण कराएंगे। इस बीच विभाग सोता रहा और लोग बेहाल होते रहे। अब ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का कार्य समाप्ति की ओर है। लेकिन न तो विभाग को चिंता है न ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे की कार्यदाई संस्था को। इस मार्ग पर चलना जान जोखिम में डालने के बराबर है।
पूर्व जिला पंचायत सदस्य कुबेर तिवारी ने इस दौरान अधिकारियों को कई बार शिकायती पत्र दिया लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने फिर बीते सम्पूर्ण समाधान दिवस पर आवेदन देकर सड़क निर्माण कराने की मांग की है।
